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पोहा डायबिटीज रोगियों के लिए स्नैक फूड

पोहा डायबिटीज रोगियों के लिए स्नैक फूड
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पोहा/ Poha (आयरन और खून की कमी को दूर करें )

पोहा पेसिंग राइस से बनता है और इसे आयरन का एक बेहतर स्त्रोत माना गया है। पोहे को और अधिक पौष्टिक बनाने के लिए इसमें नींबू का रस और मौसमी सब्जियां मिलाकर भी बनाया जा सकता है।

पोहा खाने के फायदे :-

  1. हमारे शरीर को हेल्दी और फिट रहने के लिए अन्य पोषक तत्वों के साथ-साथ आयरन की भी जरूरत होती है। आयरन ही हमारे शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं का निर्माण करता है। ये कोशिकाएं ही शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने का काम करती हैं।
  2. हीमोग्लोबिन फेफड़ों से ऑक्सीजन लेकर रक्त में ऑक्सीजन पहुंचाता है। इसलिए आयरन की कमी से शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी हो जाती है और हीमोग्लोबिन कम होने से शरीर में ऑक्सीजन की कमी होने लगती है। इसकी वजह से कमजोरी और थकान महसूस होती है, इसी स्थिति को एनीमिया कहते हैं।
  3. शरीर के रक्त में हीमोग्लोबिन की कमी से होने वाला रोग एनीमिया ऎसी समस्या है, जिसकी अधिकांश महिलाएं शिकार होती हैं। गर्भवती महिलाओं में एनीमिया का प्रभाव अधिक पाया जाता है। गर्भावस्था के दौरान शरीर को अधिक मात्रा में विटामिन, मिनरल व फाइबर आदि की जरूरत होती है। रक्त में लौह तत्वों की कमी होने से शारीरिक दुर्बलता बढ़ती है।
  4. आयरन और खून की कमी को दूर करने के लिए डॉक्टर्स कई तरह उपचार बताते हैं या खाने में ऎसी चीजें खाने की सलाह देते हैं जिनमें आयरन भरपूर मात्रा में हो।
  5. यहां हम आपको ऎसे ही आयरन युक्त बे्रकफास्ट के बारे में बता रहे हैं जीसे रोज खाने से आपके शरीर में आयरन की नही होगी और खून की कमी भी दूर हो जाएगी।
  6. एक बाउल पोहा खाने से आपको इन परेशानियों से छुटकारा पाने में मदद होगी। पोहा खाना स्तनपान कराने वाली महिलाओं और गर्भवती महिलांओं के लिए सबसे लाभदायक होता है क्योंकि इस समय उन्हें आयरन की सबसे ज्यादा आवश्यकता होती है।
  7. आजकल कई लोग अपने खाने में गेहूं और जौ शामिल नहीं करते हैं। ये ऐसे पदार्थ है जिनमें कम मात्रा में ग्‍लूटन होता है। ऐसे लोगों के लिए पोहा एक शानदार फूड साबित हो सकता है। इसमें बहुत कम ग्‍लूटेन होता है। पेट संबंधी परेशानियों में डॉक्टर की सलाह से पोहा का सेवन किया जा सकता है
  8. पोहा डायबिटीज रोगियों के लिए स्नैक फूड का एक विकल्‍प बन सकता है, लेकिन खाने से पहले डॉक्टर से सलाह ले लें। क्योंकि इसको खाना या न खाना मरीज़ के अवस्था पर निर्भर करता है। वैसे तो ये माना जाता है कि पोहा ब्लड में शुगर जारी होने की गति को धीमा कर देता है। ये आपको काफी देर तक भूख से बचाता है और आप मिठाई या अन्‍य जंक फूड खाने से बच जाते हैं।

पोहा (Pohe) एक उत्तर भारतीय व्यंजन (North Indian Recipes) है, जो खासकर मध्य प्रदेश, बिहार और उसके आस-पास के इलाकों में नाश्ते के रूप में खाया जाता है। यह इस इलाके का एक लोकप्रिय स्ट्रीट फूड (Street Food Recipes) है, जो बहुत जल्दी तैयार हो जाता है। इसकी खास बात यह है भी है कि यह बहुत स्वादिष्ट होता है और बेहद कम तेल (Zero Oil Recipes) में बनने के कारण हेल्थ कांशंस लोगों के बीच भी खूब पसंद किया जाता है। और अगर आपको पोहा खाना पसंद है, तो आपको यह भी जानकर खुशी होगी कि 07 जून को विश्व पोहा दिवस (World Poha Day) भी मनाया जाता है। तो इतनी पोहा महिमा के बाद अब आते हैं इसके बनाने की विधि पर और जानते हैं पोहा रेसिपी (Poha Recipe)।

  1. भारत के विभिन्‍न राज्यों में पोहा अगल-अलग तरीके से बनाया जाता है। इसलिए ये जानना ज़रूरी है कि कौन-से Poha में कितनी कैलोरी होती है।नीचे दिए गए पोहा की एक कटोरी में कैलोरी की मात्रा
    • वेजिटेबल पोहा- 244 किलो कैलोरी
    • मूंगफली पोहा- 589 किलो कैलोरी
    1. हुली अवालक्‍की (Huli Avalakki)– 222 किलो कैलोरी
  2. आवश्यक सामग्री:
    Poha-150 ग्राम, चीनी-01 बड़ा चम्मच, तेल-01 बड़ा चम्मच, राई-आधा (छोटा) चम्मच से कम, करी पत्ता-07, हरी मिर्च-02 (बारीक कटी हुई), मटर के दाने-02 बड़े चम्मच, मूंगफली के दाने-02 बड़े चम्मच, नींबू का रस-02 छोटे चम्मच, हरा धनिया-01 बड़ा चम्मच (बारीक कटा हुआ), हल्दी पाउडर-आधा (छोटा) चम्मच से कम, बेसन के सेंव-01 छोटी कटाेरी, नमक-स्वादानुसार।
    पोहा बनाने की विधि:
    सबसे पहले Poha को बीन कर साफ कर लें। अब उसे एक बड़े बर्तन में रख कर उसमे पानी से एक बार हल्का सा धो लें। धुलने के बाद पोहे में एक कप पानी डाल दें और उसमें नमक तथा चीनी डालकर पन्द्रह मिनट के लिए ढ़क कर रख दें।
    अब कढ़ाई को गैस पर रख कर उसमें तेल डालें और गरम करें। तेल गरम होने पर उसमें राई के दाने डाल दें। राई के भुन जाने पर उसमें करी पत्ता डालें। उसके बाद हरी मिर्च, हल्दी पाउडर और मटर के दाने भी डालें और भून लें। उसके बाद भीगा हुआ Poha कढ़ाई में डालें और चलाते हुए दो मिनट तक पकाएं। उसके बाद गैस बंद कर दें।
    अब आपका Poha लगभग तैयार है। बस इसमें नींबू का रस डालें और अच्छी तरह से मिला दें। अब गर्मा-गरम पोहा को प्लेट में निकालें और ऊपर से हरी धनिया तथा सेंव डाल कर परोसें।

Article Source :- http://www.lazizkhana.com/मधुमेह की घरेलू आहार चिकित्सा

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